Chunri Sambhal Gori

Baharon Ke Sapne (1967)

Movie: Baharon Ke Sapne
Year: 1967
Director: Nasir Hussain
Music: R.D. Burman
Lyrics: Majrooh Sultanpuri
Singers: Lata Mangeshkar, Manna Dey

चुनरी संभल गोरी उड़ चली जाए रे
ओये चुनरी संभल गोरी उड़ चली जाए रे
मार ना दे डंक कहीं नज़र कोई हाये
चुनरी संभल गोरी उड़ चली जाए रे
मार ना दे डंक कहीं नज़र कोई हाये
देख देख पग ना फिसल जाए रे
अर र र र र र र र र
हा आ!
चुनरी संभल (हा आ!) उड़ चली जाए (हा आ!)
मार ना दे डंक (हा आ!) नज़र कोई हाये

फिसले नहीं चल के
कभी दुःख की डगर पे
ठोकर लगे हंस दें
हम बसने वाले दिल के नगर के, हाये हाये
फिसले नहीं चल के
कभी दुःख की डगर पे
ठोकर लगे हंस दें
हम बसने वाले दिल के नगर के
अरे हर कदम बेहेक के संभल जाये रे
अर र र र र र र र र
हा आ!
चुनरी संभल (हा आ!) उड़ चली जाए (हा आ!)
मार ना दे डंक (हा आ!) नज़र कोई हाये

किरणें नहीं अपनी
तो है बाहों की माला
दीपक नहीं जिनमें
उन गलियों में है हमसे उजाला, हाये हाये
किरणें नहीं अपनी
तो है बाहों की माला
दीपक नहीं जिनमें
उन गलियों में है हमसे उजाला
अरे भूल ही से चांदनी खिल जाए रे
अर र र र र र र र र
हा आ!
चुनरी संभल (हा आ!) उड़ चली जाए (हा आ!)
मार ना दे डंक (हा आ!) नज़र कोई हाये

पल छीन पिया पल छीन
अँखियों का अँधेरा
रैना नहीं अपनी
पर अपना होगा कल का सवेरा, हाये
पल छीन पिया पल छीन
अँखियों का अँधेरा
रैना नहीं अपनी
पर अपना होगा कल का सवेरा
अरे रैन कौनसी जो ना ढल जाये रे
अर र र र र र र र र
हा आ!
चुनरी संभल (हा आ!) उड़ चली जाए (हा आ!)
मार ना दे डंक (हा आ!) नज़र कोई हाये

Other songs from Baharon Ke Sapne (1967)


Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Bollywood Ke Bol (बॉलीवुड के बोल)
%d bloggers like this: